उत्तराखंड में सहारा समय नम्‍बर एक और बिहार-झारखंड में साधना ने सहारा को पछाड़ा!

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टैम वाले टामियों की टीआरपी को लेकर दो सूचनाएं मेल के जरिए आई हैं. एक तो ये कि साधना न्यूज ने बिहार-झारखंड में सहारा समय को पीछे कर दिया है. और दूसरी सूचना ये कि उत्तराखंड में सहारा समय नंबर वन हो गया है. दोनों सूचनाओं में सच्चाई कितनी है, ये आप लोग बताएं. फिलहाल मेल से आई खबरों को पढ़ें, बिना संपादित. अगर किसी को नीचे दी गई जानकारियों में कोई कमी-बेसी दिखे तो वो अपनी बात खबर के अंत में हाजिर कमेंट बाक्स के जरिए कह लिख सकता है.

साधना ने सहारा को पछाड़ा : साधना न्यूज बिहार/झारखंड ने एक बार फिर टीआरपी में सहारा समय बिहार/झारखंड को पीछे छोड़ दिया है। टीआरपी को लेकर साधना न्यूज के साथ सहारा की होड़ हमेशा लगी रहती है।ऐसे में साधना न्यूज की टीआरपी सहारा से आगे निकल जाना सहारा में खलबली मचा सकता है। गौरतलब ये है कि साधना न्यूज भी पिछले कुछ समय से उथल पुथल के दौर से गुजरा है। साधना न्यूज बिहार/झारखंड को शशिरंजन के अलविदा कहने के बाद सहारा को पटखनी देना साधना न्यूज बिहार/झारखंड के लिए खास है।

सहारा समय उत्तर प्रदेश उत्तराखंड हुआ टीआरपी में नंबर 1 : आखिरकार सहारा का रीज़नल चैनल उत्तर प्रदेश उत्तराखंड टीआरपी में फिर से नंबर 1 हो गया । ईटीवी और ज़ी से लगातार टीआरपी की लड़ाई लड़ रहे सहारा यूपी ने एक बार फिर से दिखा दिया कि जनता को सिर्फ सहारा समय का ही सहारा है । पिछले कुछ महीनों के भीतर हुए बड़े फेरबदल के बाद सहारा समय उत्तर प्रदेश उत्तराखंड लगातार बेहतर कर रहा था लेकिन टीआरपी में तीसरे पायदान पर था । प्रबंधन की ओर से कुछ ध्यान डिस्ट्रीब्यूशन पर भी दिया गया है जिसके चलते चैनल की पहुंच लोगों के बीच बढ़ी है । वैसे न्यूज़ और प्रोग्रामिंग के मामले में देखा जाए तो ईटीवी और ज़ी सहारा के सामने कहीं नहीं ठहरते लेकिन फिर भी कुछ कारणों से बीच में सहारा की टीआरपी कम हो गई थी । यूपी के नये चैनल हैड राजेश कौशिक ने जब से कमान संभाली है तब से टीआरपी का ये खेल और भी महत्वपूर्ण हो गया था । और आखिरकार राजेश कौशिक को एक बार फिर कामयाबी मिल ही गई ।


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