जीआरपी की पोलखोलने वाले अकेला को मिली जमानत

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मुंबई से खबर है कि पत्रकार ताराकांत द्विवेदी अकेला को जमानत मिल गई है. रेलवे अदालत ने उन्हें दस हजार रुपए के निजी मुचलके पर जमानत दे दी. उन्हें सरकारी गोपनीयता कानून भंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. इस मामले में अदालत ने उन्हें 21 मई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया था. जीआरपी की इस मनमानी के खिलाफ मुंबई में पत्रकारों ने रैली निकाली थी और गृहमंत्री आरआर पाटील से मिलकर रोष व्यक्त किया था.

गृहमंत्री ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि वे पत्रकार अकेला के साथ किसी भी तरह की नाइंसाफी नहीं होने देंगे. शनिवार को सुनवाई के लिए जब उन्हें पेश किया गया, तो पुलिस ने अदालत को बताया कि उसकी जांच पूरी हो चुकी है. इस पर कोर्ट ने अकेला को न्यायिक हिरासत में भेजने और उनके वकील को जमानत अर्जी दाखिल करने के निर्देश दिये. इसके बाद अदालत ने जमानत की अर्जी स्वीकार कर ली. पत्रकार अकेला ने एक खबर के जरिये खुलासा किया था किस तरह जीआरपी की लापरवाही के कारण देश की सुरक्षा के लिए लाये गए हथियार पानी लीक होने से जंग खा रहे हैं. उन्होंने उन हथियारों का फोटो भी प्रकाशित किया था. इस मामले में पहले उन पर घुसपैठ और बाद में सरकारी गोपनीयता कानून के तहत मामला दर्ज किया गया.


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