राज ठाकरे की गुंडई और मीडिया का रोल... देखें वीडियो

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मुंबई में राज ठाकरे की गुंडई जारी है. गरीब रिक्शवाले राज के गुंडों के शिकार बन रहे हैं. ये देश का दुर्भाग्य है कि मीडिया में खबरें भी दिखाई जा रही हैं लेकिन राज्य और देश की सरकार नपुंसक बनी हुई है. किसी को भी गरीबों से क्या मतलब. जिस तरह से परप्रांतीयों के नाम पर पेट के लिए मेहनतकश लोगों को पीटा जा रहा है, उस पर देश के प्रधानमंत्री क्यों कुछ नहीं बोल रहे हैं.

क्या ये तस्वीरें देश के किसी पिछड़े हिस्से की हैं. ये तस्वीरें देश की आर्थिक राजधानी कहे जानी वाली मुंबई और उसके सटे जिले ठाणे की हैं जहां राज अपनी गंदी राजनीति की खातिर मजबूरों की जान लेने पर उतारु हैं. मुझे तब और दुख होता है जब इस मारपीट और उपद्रव को मीडिया के ही कुछ लोग प्रायोजित भी कर रहे हैं. कुछ कहते हैं तुम मारो पीटो, हम कैमरे लेकर आते हैं. शायद ऐसे लोग राज से मिले होते हैं. हमारा ये अनुरोध है कि अब वक्त आ गया है कि पूरा देश इस तरह के अत्याचार का विरोध करे. यही नहीं, मीडिया भी ऐसे गुंडों को जेल पहुंचाने के लिए कमर कसे. और हां, महाराष्ट्र के जिस अन्ना हजारे को पूरे देश ने सिर आंखों पर बिठाया, वो अन्ना भी कुछ बोलें ताकि उपद्रवियों का हौसला पस्त किया जा सके.

राज ठाकरे के गुंडों और मीडिया वालों की मिलीभगत से संबंधित वीडियो देखने के लिए क्लिक करें- थाणे में आटोवालों पर अटैक और मीडिया की मौजूदगी

महाराष्ट्र के पत्रकार अश्विनी शर्मा की रिपोर्ट


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