आई-नेक्‍स्‍ट के सभी एडिशनों में इंक्रीमेंट, पत्रकारों की बल्‍ले-बल्‍ले

E-mail Print PDF

आई-नेक्‍स्‍ट ने अपने सभी एडिशनों में इंक्रीमेंट किया है. जूनियर लेबल पर कुछ लोगों का प्रमोशन भी किया गया है. इस बार अधिकतम 50 प्रतिशत तक इंक्रीमेंट दिया गया है. कम सेलरी पाने वाले लोगों को एक सम्‍मानजनक लेबल पर लाया गया है. माना जा रहा है कि कम सेलरी के चलते पत्रकारों के लगातार आई-नेक्‍स्‍ट छोड़कर जाने के चलते प्रबंधन ने इस बार ठीक ठाक इंक्रीमेंट किया है.

आई-नेक्‍स्‍ट के एडिटोरियल स्‍ट्रक्‍चर के चलते प्रमोशन ज्‍यादा नहीं हुए हैं. जूनियर लेबल पर कुछ लोगों का प्रमोशन जरूर हुआ है. बरेली, मेरठ, कानपुर, वाराणसी, आगरा, गोरखपुर, लखनऊ, इलाहाबाद,  देहरादून, पटना, रांची, जमशेदपुर सभी एडिशन में अच्‍छा इंक्रीमेंट हुआ है. बताया जा रहा है यह सारी कवायद पत्रकारों का पलायन रोकने के लिए किया गया है.  आई-नेक्‍स्‍ट का एडिटोरियल स्‍ट्रक्‍चर इस तरह है कि यहां प्रमोशन की ज्‍यादा गुंजाइश नहीं बनती है. कई जगहों पर न्‍यूज एडिटर संपादकीय प्रभारी हैं तो कुछ एडिशनों में डीएनई या चीफ सब एडिटर संपादकीय प्रभारी हैं.

बरेली में जूनियर लेबल पर ट्रेनी प्रभात तिवारी को जूनियर रिपोर्टर बना दिया गया है. दीप्ति चौहान को प्रमोट कर के डेस्‍क इंचार्ज बना दिया गया है. कई एडिशनों से प्रमोशन न होने और कम सेलरी के चलते अनेक अच्‍छे पत्रकारों ने आई-नेक्‍स्‍ट को अलविदा कह दिया था. जिससे प्रबंधन पर दबाव था कि वो टिके हुए कर्मचारियों को अच्‍छी सौगात दे.


AddThis