इंटरनेट की महिमा का उज्जैन में हुआ बखान

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वेब पर हिंदी की बढ़ती ताकत का नतीजा है कि अब देश के कोने-कोने में ब्लाग और वेब पर राष्ट्रीय सेमिनार आयोजित किए जा रहे हैं. पिछले दिनों उज्जैन में मालवा रंगमंच समिति एवं कृतिका कम्यूनिकेशन मुंबई के तत्वावधान में 'इंटरनेट में दुनिया' विषय पर एक राष्ट्रीय परिसंवाद का आयोजन किया गया जिसमें देश के कोने-कोने से आए विशेषज्ञों ने अपनी बात रखी. रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल माधव दातार ने साइबर दुनिया में अपराध के तरीकों और बचाव के उपाय के बारे में विस्तार से बताया.

वरिष्ठ ब्लागर रवि रतलामी ने इंटरनेट पर भाषाओं की ढहती दीवार के बारे में नई जानकारियां दीं. इंदौर के वरिष्ठ पत्रकार प्रकाश हिंदुस्तानी ने सोशल नेटवर्किंग साइट्स के बारे में बताया जबकि भड़ास4मीडिया के एडिटर यशवंत सिंह ने हिंदी ब्लागिंग और वेब की ताकत का बखान किया. वेब दुनिया डाट काम के प्रबंधक भीका शर्मा ने इंटरनेट और मीडिया के कई अछूते पहलुओं को उजागर किया. अंकुर गोयल ने ई-कामर्स की नई दिशाओं पर प्रकाश डाला.

प्रकाश, दातार और शैलेंद्रलंदन में अध्यापन कार्य कर रहे उज्जैन निवासी डा. गौतम प्रधान ने इंग्लैंड और भारत में शिक्षा और वेब की उपयोगिता व अवधारणा पर काफी कुछ बातें कहीं. उन्होंने हर एक भारतीय को आनलाइन माध्यम से जुड़ने का आह्वान किया. भरत व्यास, डा. एमए फारुकी, डा. शैलेंद्र कुमार शर्मा, बालकृष्ण शर्मा ने भी अपने विचार रखे. संचालन पत्रकार गायत्री शर्मा और रेडियो जाकी अमित राठौर ने किया.

समारोह के मुख्य अतिथि विधायक शिवनारायण जागीरदार थे. सेमिनार निदेशक केशव राय ने बताया कि 'इंटरनेट में दुनिया' सीरिज का परिसंवाद मध्य प्रदेश के अन्य शहरों में भी आयोजित किया जाएगा. केशव राय के मुताबिक आने वाले दिनों में इंदौर, देवास, भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर, रतलाम, मंदसौर और सतना में भी यह आयोजन किया जाएगा.

मालव रंगमंच समिति, उज्जैन के अध्यक्ष केशव का कहना है कि तेजी से ग्लोबल हो रही दुनिया में भारत के जन-जन को रवि रतलामीइंटरनेट से जुड़ना होगा और इसकी ताकत को अंगीकर खुद की व देश-समाज की किस्मत को बदलना होगा. अतिथियों का स्वागत राजेश राय, महेश शर्मा अनुराग, राजकुमार जाधव और मनोहर रांगी ने किया. आभार प्रकट प्रकाश बांटिया ने किया.

उज्जैन के कालादीस अकादमी के अभिरंग नाट्यगृह में यह परिसंवाद दो सत्रों में आयोजित किया गया. सुबह के सत्र में इंटरनेट के लाभ-हानि के बारे में युवाओं के परिप्रेक्ष्य में बात की गई जबकि शाम के सत्र में इंटरनेट से कैसे बुजुर्ग लोग कई तरह के लाभ उठा सकते हैं, इस पर प्रकाश डाला गया. आयोजन का सबसे खास पक्ष यह रहा कि धार्मिक नगरी उज्जैन में बड़ी संख्या में लोग इंटरनेट पर आयोजित परिसंवाद में शरीक होने आने और अंत तक जमे रहे. वक्ताओं ने फिल्म नगरी में लंबे समय से सक्रिय केशव राय की इंटरनेट और हिंदी के उत्थान व इसे जन जन से जोड़ने के लिए शुरू किए अभियान के लिए सराहना की और साधुवाद दिया.


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