सीवीबी में सेलरी न मिलने के कारण असंतोष, मीडियाकर्मी पुलिस के पास गए

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यशवंत देशमुख वाली टीवी न्यूज एजेंसी सी वोटर ब्राडकास्टिंग उर्फ सीवीबी से खबर आ रही है कि इसके इंप्लाइज ने कई महीनों से सेलरी न मिलने के कारण कानूनी कार्रवाई की तरफ रुख कर लिया है. मुंबई से आ रही सूचना के खिलाफ वहां के कैमरामैनों व रिपोर्टरों ने पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी है. मुंबई में सीवीबी स्टाफ में कुल छह लोग हैं. एक ब्यूरो चीफ, तीन रिपोर्टर और दो कैमरामैन.

रिपोर्टरों व कैमरामैनों ने मुंबई के विले पार्ले पुलिस स्टेशन में शिकायत दी है कि उनको कई माह से वेतन नहीं दिया जा रहा है और जबरन काम कराया जा रहा है जिसके कारण वे अब मौत के कगार पर पहुंच चुके हैं. जब ये लोग प्रबंधन से सेलरी की बात करते हैं तो सभी एक दो दिन रुकने की बात कहकर टाल देते हैं. आज कल आज कल करते हुए अब अक्टूबर का महीना आ चुका है. अगस्त महीने से यही कहकर लोगों को मूर्ख बनाया जा रहा है. एचआर के लोग भी एक दो दिन रुकने की बात कहकर लोगों को बरगलाने में लगे रहते हैं. जब पुलिस में जाने की धमकी दी गई तो प्रबंधन ने सिर्फ एक महीने की सेलरी देने की बात कही. यह सुनकर मुंबई के सीवीबी कर्मी भड़क गए और पुलिस में चले गए.

मुंबई में सीवीबी के ब्यूरो चीफ सुभाष शिर्के हैं. सीवीबी, मुंबई के स्टाफ ने यशवंत देशमुख और सुभाष शिर्के खिलाफ लिखित शिकायत दी है. कर्मियों का आरोप है कि सुभाष शिर्के और शैलेंद्र सिंह की प्रबंधन से सेटिंग है, इसलिए ये लोग भी स्टाफ को सेलरी के लिए रुकने की बात कहते रहते हैं. भड़ास4मीडिया को फोन पर सीवीबी, मुंबई के एक कर्मी ने बताया कि अब सेलरी के लिए आरपार की लड़ाई होगी. दशहरा और दीवाली जैसे त्योहार सिर पर हैं. दशहरा तो बीत भी चुका. ऐसे में अब हम अपनी दीवाली काली नहीं करना चाहते.


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