पीएमओ में अटकी मजिठिया वेतनबोर्ड की सिफारिशें, अखबारी कर्मचारी आज करेंगे प्रदर्शन

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वेतनमान में संशोधन संबंधी मजीठिया वेतनबोर्ड की सिफारिशों को लागू करने में सरकार की ओर से हो रही देरी के खिलाफ अखबारी कर्मचारियों ने शुक्रवार को आईएनएस एवं श्रम मंत्रालय के सामने विशाल प्रदर्शन करने का फैसला किया है.

उधर श्रम मंत्री मल्लिकार्जुन खड़गे ने गुरुवार को कहा कि पत्रकारों, गैर पत्रकारों के लिए गठित वेतनबोर्ड की सिफारिशों की मंजूरी के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल के सामने रखने के बारे में प्रधानमंत्री कार्यालय कदम उठाएगा. अखबार कर्मचारियों, पत्रकार संगठनों के शीर्ष मंच कन्‍फेडरेशन ऑफ न्‍यूज पेपर्स एण्‍ड न्‍यूज एजेंसी आर्गेनाइजेशन्‍स की गुरुवार को हुई आपात बैठक के बाद कन्‍फेडरेशन के महासचिव एमएस यादव ने अखबार मालिकों के संगठन के मुख्‍यालय आईएनएस और श्रम मंत्रालय पर शुक्रवार को जोरदार प्रदर्शन की घोषणा की. उन्‍होंने कहा कि आईएनएस दुश्‍प्रचार में लगा है. सरकार भी उसके दबाव में है. अखबार मालिक अपनी बात तो प्रकाशित कर रहे हैं लेकिन हमारे पक्ष को नहीं. आखिर यह कैसी अखबारी स्‍वतंत्रता है. यादव ने कहा कि महंगाई के इस कठिन दौर में पिस रहे अखबार उद्योग के पत्रकारों और गैर पत्रकारों की सब्र का सरकार इम्तिहान ले रही है यह कतई जायज नहीं है.

शुक्रवार को दिल्‍ली में कन्‍फेडरेशन के बैनर तले बड़ी संख्‍या में पत्रकार और गैर पत्रकार कर्मचा‍री यूएनआई में एक बजे इकट्ठे होंगे और वहां से आईएनएस एवं श्रम मंत्रालय की ओर मार्च करेंगे. गुरुवार की बैठक में कन्‍फेडरेशन के घटक आईएफडब्‍ल्‍यूजे, एनयूजे, आईजेयू, एआईएनईएफ,  फेडरेशन ऑप पीटीआई एम्‍पलाइज यूनियन और यूएनआई वकर्स यूनियन के प्रतिनिधि शामिल हुए. यादव ने कहा कि हम उम्‍मीद कर रहे थे कि मंत्रिमंडल की गुरुवार की बैठक में बारह साल बाद हमारे वेतनमान में संशोधन की सिफारिश पर न्‍याय हो जाएगा. पर श्रम मंत्री खड़गे की इस बात से हमें निराशा हुई है कि मामला प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) में अटका पड़ा है. जबकि यह हफ्तों पहले से लगातार कहते आ रहे हैं कि जस्टिस मजीठिया वेतन बोर्ड का प्रस्‍ताव जल्‍द ही मंत्रिमंडल को भेजा जाएगा. कन्‍फेडरेशन ने कहा कि अगर और देरी हुई तो अखबारी कर्मचारी देशभर में धरना-प्रदर्शन तेज करेंगे.

इससे पहले श्रम मंत्री मल्लिकार्जुन खड़गे ने गुरुवार को कहा कि वेतन बोर्ड की सिफारिशों की मंजूरी के लिए मंत्रिमंडल के सामने रखने के बारे में प्रधानमंत्री कार्यालय ही कदम उठाएगा. खड़गे ने न्‍यायमूर्ति जीआर मजीठिया की रिपोर्ट की स्थिति के बारे में पूछे जाने पर कहा कि मुझे सभी मंत्रालयों से टिप्‍पणियां पहले ही मिल चुकी है. मैंने उन्‍हें प्रधानमंत्री कार्यालय को सौंप दिया है. अब प्रधानमंत्री कार्यालय इस मुद्दे को मंत्रिमंडल के सामने लाने के लिए निश्चित तौर पर कदम उठाएगा. ये सिफारिशे पिछले साल 31 दिसम्‍बर को सरकार को सौंपी गई थी. प्रस्‍तावों को लागू करने में देरी के खिलाफ कर्मचारी आंदोलन कर रहे हैं. साभार : जनसत्‍ता


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