वेज बोर्ड : सुप्रीम कोर्ट ने मीडिया संस्‍थानों की याचिका ठुकराई, फैसला कैबिनेट पर छोड़ा

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नयी दिल्ली : उच्चतम न्यायालय ने आज एक बार फ़िर केन्द्रीय मंत्रिमंडल को पत्रकारों और गैर पत्रकारों के लिए गठित मजीठिया वेज बोर्ड की सिफ़ारिशों पर कोई भी फ़ैसला लेने से रोकने से इनकार कर दिया. शीर्ष अदालत ने इसके साथ ही विभिन्न मीडिया संस्थानों की इस संबंध में दायर की गयी याचिकाओं को भी ठुकरा दिया.

न्यायाधीश दलवीर भंडारी और दीपक मिश्र की पीठ ने अपने फ़ैसले में कहा, ‘‘शिष्टाचार की मांग यह है कि जब मामला केन्द्रीय मंत्रिमंडल के पास है तो हमें कोई आदेश पारित नहीं करना चाहिए. लेकिन केन्द्रीय मंत्रिमंडल द्वारा लिया गया कोई भी फ़ैसला इस अदालत द्वारा पारित किए जाने वाले अंतिम आदेश से बाध्य होगा.’’

पीठ ने यह टिप्पणी विभिन्न समाचारपत्र प्रबंधनों की बार-बार की याचिकाओं के बाद की. इन याचिकाओं में केन्द्रीय मंत्रिमंडल को इस आधार पर वेज बोर्ड की सिफ़ारिशों पर कोई भी फ़ैसला लेने से रोकने का निर्देश दिए जाने की अपील की गयी है कि मामला शीर्ष अदालत के विचाराधीन है. पीठ ने इस मामले में समाचारपत्र प्रबंधनों द्वारा केन्द्रीय श्रम सचिव को लिखे विवादास्पद पत्र का भी गंभीर संज्ञान लिया.

पत्र में सचिव से कहा गया है कि उच्चतम न्यायालय द्वारा कोई फ़ैसला किए जाने तक वह सिफ़ारिशों पर कोई फ़ैसला नहीं लें. अतिरिक्त महा न्यायवादी पराग त्रिपाठी ने पत्र की ओर पीठ का ध्यान आकर्षित किया था. साभार : प्रभात खबर


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