'ब्लागिंग ने लेखकों के छपने का इंतजार खत्म किया'

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ब्लागिंग पर किताब के लेखक इरशाद अलीपिछले दिनों मेरठ में चौ. चरण सिंह विश्वविद्यालय के उर्दू विभाग सभागार में हिंदी ब्लागिंग पर इरशाद अली द्वारा लिखित किताब का विमोचन हुआ और संगोष्ठी का आयोजन किया गया। रवि पाकेट बुक्स द्वारा प्रकाशित 'ब्लागिंग- ए टू जेड' नामक किताब का लोकार्पण विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसके काक ने किया। इस किताब के ब्लागिंग पर हिंदी में पहली किताब होने का दावा किया जा रहा है। ब्लागिंग पर हुई संगोष्ठी में वक्ताओं ने इस माध्यम से ज्यादा से ज्यादा लोगों को जोड़ने पर बल दिया।

संगोष्ठी के मुख्य अतिथि औरचौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एस.के काक थे। प्रो. काक ने अपने संबोधन में पिछले जमाने को याद किया। उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था जब लेखक को लिखने के बाद उसके छपने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता था। ब्लॉग ने उस इंतजार को खत्म कर दिया है। काक ने ब्लागिंग में मल्टीमीडिया के इस्तेमाल पर जोर देते हुए कहा कि ब्लागर शब्दों के जरिए खुद को आनलाइन तौर पर इजहार करने के साथ-साथ अब तस्वीरों, आवाज, वीडियो का भी इस्तेमाल ब्लागिंग में करने लगा है। यह चीज ब्लागिंग को ज्यादा सफल व प्रभावी माध्यम बना रही है। संगोष्ठी में मेरठ के वरिष्ठ पत्रकार और ब्लागर हरि जोशीमनविंदर ब्लागिंग पर किताब का विमोचन करते भड़ास4मीडिया के संपादक यशवंत सिंह, मेरठ के वरिष्ठ पत्रकार प्रभात कुमार राय, कुलपति प्रो. एसके काक, उर्दू विभाग के अध्यक्ष डा. असलम जमशेदपुरी और किताब लेखक इरशाद अलीभिंभर ने ब्लागिंग के अपने अनुभवों को श्रोताओं के साथ साझा किया। दुनिया के सबसे बड़े हिंदी कम्युनिटी ब्लाग भड़ास के माडरेटर और हिंदी मीडिया की खबरों के पोर्टल भड़ास4मीडिया के संचालक यशवंत सिंह ने ब्लागिंग के जरिए धनोपोर्जन के तरीके पर प्रकाश डाला। इरशाद अली ने अपने संबोधन में ब्लागिंग पर किताब लिखने के अनुभव बताए और ब्लागिंग से होने वाले फायदे गिनाए। संगोष्ठी में प्रभात कुमार राय, धर्मवीर कटोच ने भी संगोष्ठी में अपने विचार रखे। अपने अध्यक्षीय संबोधन में उर्दू विभाग के अध्यक्ष डा. असलम जमशेदपुरी ने ब्लागिंग को बढ़ावा देने के लिए इस तरह के कार्यक्रम करते रहने की जरूरत पर बल दिया ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग ब्लागिंग से जुड़ सकें। संगोष्ठी और समारोह का सफल संचालन ब्लागर सलीम अख्तर सिद्दिकी ने किया। कार्यक्रम में यशपाल सिंह, दुर्गानाथ स्वर्णकार, अशोक कुमार, जफर गुलजार, नफीस अहमद, अदीबा अलीम, राजेश भारती, रिचा जोषी अभिषेक अग्रवाल, अलाउद्दीन खां, सुधाकर आशावादी, दीपेष जैन, मनेष जैन आदि मौजूद रहे।


इस संगोष्ठी और समारोह के बारे में रिपोर्ट यहां भी पढ़ सकते हैं- (1), (2), (3), (4)


 संगोष्ठी-समारोह की अन्य तस्वीरें

संगोष्ठी को संबोधित करते प्रो. एसके काक

प्रो. एसके काक का संबोधन

यशवंत सिंह का संबोधन

यशवंत सिंह का संबोधन

संगोष्ठी को संबोधित करते इरशाद अली 
ब्लागर और लेखक इरशाद अली का संबोधन 
स्माइल प्लीज : वरिष्ठ पत्रकार हरि जोशी और ब्लागिंग पर किताब के लेखक इरशाद अली

टी टाइम : वरिष्ठ पत्रकार हरि जोशी और इरशाद अली

यूं न मुस्कराइए : वरिष्ठ पत्रकार यशपाल सिंह, दुर्गानाथ स्वर्णकार, मनविंदर भिंभर

वरिष्ठ पत्रकार यशपाल सिंह, दुर्गानाथ स्वर्णकार, मनविंदर भिंभर


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